बंदर ने 3 महीने की बच्ची को बनाया’बं!धक’! रोंगटे खड़े कर देगा वीडियो

उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर से एक ऐसा खौफनाक और हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है जिसने पूरे इलाके में दहशत फैला दी है। एक 3 महीने की मासूम बच्ची जो अभी ठीक से दुनिया को देख भी नहीं पाई है वो अचानक एक खूंखार बंदर के चंगुल में फंस जाती है।

एक ऐसा बंदर जो उस छोटी सी बच्ची को छोड़ने के लिए बिल्कुल तैयार नहीं है और जो भी उसे बचाने आ रहा है उसे काट कर कर दे रहा है। कस्बा चरथावल में तहसीन नाम के एक व्यक्ति का परिवार रहता है। मंगलवार का दिन था और घर में सब कुछ रोजमर्रा की तरह बहुत सामान्य चल रहा था।

तहसीन की 3 महीने की एक बेहद प्यारी सी बच्ची है जिसका नाम कुलसुम है। लेकिन किसी को अंदाजा नहीं था कि अगले ही पल इस घर में क्या होने वाला है। अचानक कहीं से एक बंदर घर के अंदर घुस आया और इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता उस बंदर ने 3 महीने की मासूम कुलसुम को अपने कब्जे में ले लिया। उसने उस छोटी सी बच्ची को एक तरह से अपना बंधक बना लिया था। [संगीत] जब परिवार वालों ने देखा कि उनकी छोटी सी बच्ची एक बंदर के हाथ में है तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। घर में चीख पुकार मच गई। माता-पिता और आसपोस के लोग तुरंत उस बच्ची को बंदर से छुड़ाने के लिए दौड़े लेकिन मामला इतना आसान नहीं था। वो बंदर बेहद आक्रामक हो गया था। जो भी व्यक्ति बच्ची के पास जाने की कोशिश करता बंदर सीधे उस पर हमला कर देता।

स्थानीय लोगों के मुताबिक इस बंदर ने मासूम को छुड़ाने की कोशिश कर रहे करीब तीन से चार लोगों को बुरी तरह से काटकर घायल कर दिया। वहां खून बहने लगा और एक खौफनाक दहशत का माहौल बन गया। प्रशासन और पुलिस को भी इसकी सूचना दी गई। लेकिन पुलिस भी मौके पर पहुंचकर बेबस नजर आई क्योंकि मामला एक मासूम बच्ची की जान का था और कोई भी ऐसा गलत कदम नहीं उठाया जा सकता था जिससे बच्ची को कोई खरोच भी आए। घंटों तक यह खौफनाक ड्रामा चलता रहा। इसी बीच किसी ने इस पूरी घटना का वीडियो अपने मोबाइल में कैद कर लिया जो अब सोशल मीडिया पर आग की तरह वायरल हो रहा है। जब कोई रास्ता नहीं बचा तो श्री बालाजी चैरिटेबल सोसाइटी से जुड़े एक स्थानीय पशु प्रेमी सनी को मौके पर बुलाया गया। सनी अपनी टीम के साथ वहां पहुंचे। उन्होंने देखा कि हालात बेहद तनावपूर्ण हैं।

सनी ने बेहद समझदारी से काम लिया और करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद सनी ने बंदर का ध्यान भटकाया और बेहद सावधानी से मासूम कुलसुम को बंदर के चंगुल से सुरक्षित बाहर निकाल लिया। लेकिन इस कहानी का सबसे हैरान करने वाला पहलू यह था कि इस बंदर ने लोगों पर तो जानलेवा हमला किया लेकिन उस मासूम बच्ची को एक खरोच तक नहीं पहुंचाई। पशु प्रेमी सनी ने बताया कि यह दरअसल एक मादा बंदर थी। ऐसा लग रहा था जैसे हाल ही में उस बंदरिया के अपने बच्चे की मौत हो गई हो और उसने कुलसुम को ही अपना बच्चा समझ लिया था। उसने बच्ची को नुकसान पहुंचाने के लिए नहीं बल्कि अपना बच्चा मानकर ही अपने पास रखा हुआ था।

आज इस घटना ने हमें जानवरों की भावनाओं और इंसानी जद्दोजहद के बीच एक बहुत ही अनोखी और डरावनी तस्वीर दिखाई है। खैर गनीमत यह रही कि बच्ची बिल्कुल सुरक्षित है।

Leave a Comment