गिर सकती है सरकार, बन रही है पहली मुस्लिम महिला PM !

सरकार गिर सकती है और पहली महिला मुस्लिम प्रधानमंत्री बन सकती है। यह पूरा विवाद क्या है? कौन है शबाना महमूद जो कि पहली मुस्लिम महिला है जो प्रधानमंत्री बनने वाली है। आज हम यही बात करेंगे। नमस्ते, मेरा नाम रिमझिम जेठानी है और आप मेरा शो सरहद के पार का एपिसोड नंबर 108 देख रहे हैं। अब मैं आपको बताती हूं कि हो क्या रहा है। ब्रिटिश प्रधानमंत्री की स्टारमर की सरकार गिर सकती है।

ऐसा क्यों कहा जा रहा है? क्योंकि अभी एबस्टीन फाइल्स आई थी। उसमें ब्रिटिश पीएम के खिलाफ काफी गुस्सा है। मैं आपको बताऊंगी क्यों गुस्सा है। लेकिन अब आप देखिए कि अगर ब्रिटिश पीएम की स्टारमर की सरकार गिरती है तो देश को पहली मुस्लिम पीएम मिल सकती है। यानी कि यूके यूनाइटेड किंगडम में पहली बार ऐसा होगा जब कोई मुस्लिम महिला पहली बार प्रधानमंत्री बनेंगी। और यह देखिए तस्वीरें मैं आपको बता देती हूं। नाम है शबाना महमूद क्योंकि इनकी चर्चा जोरों पर है।

यह जो आप तस्वीरें देख सकते हैं इधर यह देखिए यह की स्टारमर के साथ शबाना महमूद की तस्वीर है। यह की स्टारमर है। यह एपस्टीन है। ये शबाना महमूद है। तो अब यह यूके की नई प्रधानमंत्री हो सकती हैं। फिलहाल वह ब्रिटिश सरकार में अभी होम मिनिस्ट्री मतलब मिनिस्टर हैं। 2025 में वह नियुक्त की गई थी और अगर आप देखेंगे कि कैसे जो इनकी चर्चा है वह अभी सबसे ऊपर है क्योंकि अभी वह होम मिनिस्टर हैं और ऐसे तो दूसरे नाम भी हैं लेकिन अब मैं आपको इनके बारे में बता देती हूं। लेबर पार्टी में सबसे बड़ी नेता के तौर पर इनको देखा जा रहा है।

दावा किया जा रहा है कि पीएम के पद तक पहुंच सकती हैं। इतनी स्ट्रांग लीडरशिप है। और देखिए यह तस्वीर देखिए। कहीं ना कहीं यही रीजन है जो ब्रिटिश पीएम की स्टार्मर की सरकार गिर सकती है। मैं आपको आगे बताती हूं। यह देखिए तस्वीरें शबाना की हैं। 45 इयर्स की हैं। 45 साल की है शबाना। पेशे से वकील हैं। एक युवा नेता है। परिवार का ताल्लुक पीओके के मीरपुर कब्जे से है। यानी कि पाकिस्तान ऑक्यूपाइड कश्मीर के मीरपुर कस्बे से इनका ताल्लुक है। जन्म ब्रिटेन के ही बर्मिंघम में हुआ था। मां का नाम जुबैदा, पिता का नाम महमूद अहमद है। फिर अगर आप आगे इनके बारे में डिटेल्स देखते हैं तो ऑक्सफोर्ड के लिंकन कॉलेज से इन्होंने लॉ की डिग्री ली। इसके बाद 2010 में पहली बार सांसद बनने का मौका मिला। फिर देखिए चंद मुस्लिम महिलाओं में से यह एक हैं जिनको ब्रिटेन में वो सांसद बनी। अगर मैं आपको दूसरे नाम बताती हूं वो हैं रोशना अली, यासमीन कुरैशी। ये भी सांसद है। लेकिन अब ये प्रधानमंत्री शबाना जो है वो प्रधानमंत्री बन सकती है। शबाना महमूद खुलकर इजराइल का विरोध करती रही है। जबकि इनकी जो पार्टी है लेबर पार्टी वो इजराइली हमलों का पक्ष लेती है। तो इसमें यह है कि मुस्लिमों को लेबर पार्टी के करीब शबाना ला सकती है। मुस्लिम वोट बैंक तैयार कर सकती है। दुनिया भर की सरकारों को एब्सस्टीन फाइल्स ने हिला दिया है। और उसमें से एक सरकार है यूके की। ब्रिटिश पीएम की स्टारमर के खिलाफ गुस्सा इसलिए है क्योंकि उन्होंने उनको पता था कि पीटर मेंडेडल्सन जो कि नियुक्त किए गए वाशिंगटन में यूके के राजदूत उनको पता था कि पीटर मेंडेडलसन का नाम एफसीन फाइल्स में आया है। उसके बावजूद उन्होंने वाशिंगटन में यूके के राजदूत के तौर पर उनको नियुक्त कर दिया। अब इसी पर की स्टारमर की सरकार पर गुस्सा है। मेनली जो प्रधानमंत्री हैं की स्टारमर उन पर गुस्सा है।

मेंडलसन का भी एफस्टीन के कनेक्शन से जब नाम सामने आया तो अभी यूके में जो है वो बहुत स्थिति बिगड़ी हुई है। अब आप सोचिए कि लंदन का मेयर सादिक खान एक मुस्लिम। न्यूयॉर्क का मेयर जोहरान ममदानी भारतीय मूल के मुस्लिम। अब आपको पता है कि जब यह दोनों एग्जांपल वायरल हुए थे तब ओवैसी की पार्टी भारत में एआईएमएम ने कहा था कि हिजाब वाली महिला प्रधानमंत्री बनेगी। हिजाब वाली मुस्लिम महिला सीएम बनेगी। अब ऐसे ही यही जो मुद्दा है वह बीएएमसी चुनावों में भी उठा। आपको क्या लगता है इस बारे में कि क्या भारत में ऐसा संभव है? हिजाब वाली पीएम या सीएम क्योंकि लगातार ओवैसी की पार्टी इस पर कह रही है और अब जो यूके में है अगर पहली बार मुस्लिम महिला प्रधानमंत्री बन जाती हैं तो इतिहास रचा जाएगा। आप सोचिए जब जोहरान ममदानी की जीत हुई थी तो मुस्लिम कम्युनिटी में कितनी खुशियां थी। फिर आप देखिए।

दूसरे भी लोग हैं जो कि रेस में है। मैं नाम पढ़ के बता देती हूं। एंजला रेनर फॉर्मर डिपुटी पीएम वेस्ट ट्रीटनिंग हेल्थ सेक्रेटरी एड मिलीबर्न एनर्जी सेक्रेटरी एंडडी बरहम द ग्रेटर मैनचेस्टर मेयर यह भी नाम लिस्ट में है यानी रेस में है और देखिए क्यों हम कह रहे हैं कि जो ब्रिटिश पीएम है उनकी सरकार गिर सकती है क्योंकि अभी ताजे में ही यह हुआ है कि जो प्राइम मिनिस्टर की स्टारमर के चीफ ऑफ स्टाफ है जिनका नाम है मॉ्गन मैक्सविनी उन्होंने अपने पद से रेजिग्नेशन दे दिया क्योंकि अभी सरकार के खिलाफ वहां पर बहुत रोश है। जैसे ही पीटर का नाम आ गया है एफसीन फाइल्स में तो फिर मॉर्गन मैक्सवेनी को लिटरली रेिग्नेशन देना पड़ा।

अब इसलिए कहा जा रहा है कि अगर जो पीएम के चीफ ऑफ स्टाफ है उन्होंने ही रेजिग्नेशन दे दिया तो अगला नंबर की स्टारमर का तो नहीं है क्योंकि पीटर मेंडेडलसन पर अभी यूके में बहुत गुस्सा है। अब लेबर पार्टी में से ही अगर कोई बनता है तो क्या वो शबाना होंगी?

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