जिस औरत चांदनी ने मेरे पर आरोप लगाए हैं। इतना बड़ा षड्यंत्र मेरे खिलाफ रचा रहे हैं। बतलाओ उस औरत को मैं सारा की कसम खा सकता हूं। ऐसे टच भी नहीं किया मैंने। कैमरे लग रहे घर पे कभी वो रात को नहीं रुकी हमारे घर पे। कोई मिसाल नहीं ऐसी है। मैं कहता हूं कि जांच होनी चाहिए। पूरी तहकीकात होनी चाहिए। अगर जो जरा सा भी इतना जर्रा बराबर भी सबूत कोई निकाल दे मेरे खिलाफ तो मेरी मैं मैं अपनी गर्दन खुद लूंगा। हाल ही में यूबर शदाब जकाती पर एक महिला ने और बंधक बनाकर रखने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। जिस पर अब शदाब जकाती की सफाई सामने आई है।
उन्होंने एक वीडियो जारी किया है जिसमें वह इस पूरे मामले पर अपना पक्ष रखते हुए नजर आ रहे हैं। आप भी देखें यह वीडियो। बड़े सयानक कहते हैं कि नेकी कर दरिया में डाल। जिस औरत चांदनी ने मेरे पर आरोप लगाए हैं, एक दिन मेरे पास आई। कहने लगी भैया आप लोगों की मदद करते हो। मैं मजदूरी का काम करती हूं और मेरा एक बच्चा है और मैं इतनी गरीब हूं कि उस बच्चे को मैं पढ़ा भी नहीं पा रही। स्कूल नहीं भेज पा रही अपने बच्चे को। मेरी टीम में करीब आठ मेंबर हैं हिंदू मुस्लिम दोनों। और जिसने यह पूरी दुनिया कायनात बनाई वह खुदा तो देखता ही होगा। वह तो गवाह है। मैंने इसके बच्चे की छ महीने की फीस और कोर्स दिलाया। इसके बच्चे के हाथों में मैंने किताबें दी।
और ना जाने कितनी बार राशन भरवाया और जब कभी इसने कोई मजबूरी बताई कभी 5000 कभी 3000 कभी 4000 कभी 2000 मैंने कभी नहीं मना किया। यह सोचते हुए कि यह गरीब है और हमारे साथ इसने कई वीडियो में काम किया है। वह दुकानदार भी गांव का गवाह है जिससे राशन जाता है। वो मेरी टीम का मेंबर भी गवाह है और जॉनी कुमार जो सिर्फ यूं ही काम करता है। जो गरीब महिलाएं हैं हम उन्हें पूरे-पूरे महीने का राशन देते हैं। अभी पीछे आपने देखा होगा कंबल भी बांटे हमने। मैं ना सांसे उखड़ने वाली मेहनत करके यहां तक पहुंचा हूं। अपनी मेहनत के बलबूते पर यहां तक आया हूं। लेकिन दुख इस बात का है, तकलीफ इस बात की है कि लोग जीने नहीं दे रहे बिल्कुल भी। इतना बड़ा षड्यंत्र मेरे खिलाफ रचा रहे हैं।
बतलाओ उस औरत को मैं सारा की कसम खा सकता हूं। ऐसे टच भी नहीं किया मैंने। कैमरे लग रहे घर पर 810 लोग हमेशा बैठे रहते हैं। कभी वह रात को नहीं रुकी हमारे घर पर। कोई मिसाल नहीं ऐसी है। मैं कहता हूं कि जांच होनी चाहिए। पूरी तहकीकात होनी चाहिए। अगर जो जरा सा भी इतना जर्रा बराबर भी सबूत कोई निकाल दे मेरे खिलाफ तो मेरी मैं मैं अपनी गर्दन खुद काट लूंगा। लेकिन समझ में नहीं आ रहा यार लोग क्या चाह रहे हैं मेरे से।
भाई मैं फेमस हुआ हूं। मेहनत करके पहुंचा हूं। पैसे भी कमा रहा हूं। तो मैं तो और लोगों की मदद करता हूं भाई। पूरा गांव गवाह है। मोहल्ला गवाह है यार। हद हो गई यार। सच बतला रहा। कितना दुखी है मेरा मन। कि मैं क्या ही बतलाऊं किसी को। भाई दुआओं की दरखास्त है भाइयों।
