कब और कहां होगा गायिका का अंतिम संस्कार?

तमाम फिल्मी गानों को अपने मखमली आवाज से सजाने वाली दिग्गज गायिका आशा भोसले ने दुनिया को अलविदा कह दिया है। उन्होंने 92 साल की उम्र में रविवार 12 अप्रैल को दुनिया को अलविदा कहा। अमर उजाला से बातचीत में आशा भोसले के बेटे आनंद भोसले ने इस खबर की पुष्टि की है। गायिका का जाना सिनेमा के लिए एक बड़ी क्षति है। फैंस गमगीन है।

सिनेमाई दुनिया में शोक की लहर दौड़ गई है। उनका अंतिम संस्कार कल यानी कि 13 अप्रैल सोमवार को होगा। आशा भोसले के बेटे आनंद भोसले ने परिवार की ओर से आधिकारिक जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि प्रशंसकों और शुभचिंतकों के लिए अंतिम दर्शन का समय और स्थान तय कर लिया गया है। सोमवार सुबह 11:00 बजे से लोअर परेल स्थित उनके निवास स्थान कासा ग्रांडे में लोग उनके अंतिम दर्शन कर सकेंगे और उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर सकेंगे। वहीं सोमवार शाम 4:00 बजे दादर स्थित ऐतिहासिक शिवाजी पार्क में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। मैं मैं आनंद भोसले मेरी माता जी श्रीमती आशा भोसले इनका आज निधन हो चुका है।

कल सुबह 11:00 बजे वह जहां रहती थी कास्ता ग्रैंड लोवर परेल वहां पर जिनको अंतिम दर्शन लेने हैं वो आप वहां आइए और 4:00 बजे कल दोपहर को शिवाजी पार्क में इनके अंतिम संस्कार होंगे। आज रविवार को भारतीय संगीत जगत को गहरा आघात लगा है।

शुरू की दुनिया पर दशकों तक राज करने वाली महान गायिका आशा भोसले के निधन से देश भर में शोक की लहर दौड़ गई है। उनके जाने से संगीत का एक स्वर्णिम युग मानो थम सा गया। भारत की प्रतिश्रत गायिका आशा भोसले के निधन पर राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू ने गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि आशा भोसले के जाने से संगीत जगत में एक ऐसा खालीपन पैदा हुआ है जिसे भर पाना असंभव है। उनकी अद्वितीय गायकी ने भारतीय संगीत के एक पूरे युग को परिभाषित किया। राष्ट्रपति ने कहा कि उन्हें आशा जी से हुई व्यक्तिगत मुलाकातें हमेशा याद रहेंगी। एक कलाकार और व्यक्ति के रूप में उन्होंने जीवन को अपने तरीके से जिया और दशकों तक अपनी मधुर आवाज से भारतीय संगीत को एक नई पहचान दी। उन्होंने कहा कि उनका संगीत हमेशा अमर रहेगा और वह संगीत प्रेमियों के दिलों में जीवित रहेंगी।

वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गायिका आशा भोसले के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि आशा भोसले भारत की सबसे प्रतिष्ठित और भूमुखी आवाजों में से एक थी। जिनकी संगीत यात्रा ने दशकों तक भारतीय सांस्कृतिक विरासत को समृद्ध किया।

पीएम मोदी ने कहा कि उनके भावपूर्ण गीतों और जीवंत संगीत ने दुनिया भर में लाखों दिलों को छुआ। उन्होंने आशा जी के साथ हुई अपनी मुलाकातों को हमेशा यादगार बताया और कहा कि उनका योगदान आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा। प्रधानमंत्री ने दिवंगत आत्मा की शांति और उनके परिवार प्रशंसकों और संगीत प्रेमियों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त की।

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