क्या आप आधार कार्ड बनवाने या उसमें कुछ बदलाव करने का सोच रहे हैं? तो यह खबर आपके लिए है। आधार कार्ड से जुड़ी हर छोटी बड़ी प्रक्रिया अब पहले से थोड़ी अलग हो गई है। भारत सरकार के यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी यूआईडीएआई ने 2025-26 के लिए आधार से जुड़े नियमों में संशोधन किया है और नई दस्तावेज सूची जारी कर दी है। अगर आप इन नियमों से अनजान हैं तो आधार अपडेट कराने में मुश्किल हो सकती है।
यूआईडीएआई ने साफ कर दिया है कि यदि किसी व्यक्ति के नाम पर गलती से दो या उससे अधिक आधार नंबर जारी हो गए हैं तो केवल पहला जारी किया गया आधार नंबर ही मान्य माना जाएगा। बाकी सभी नंबर रद्द कर दिए जाएंगे। ऐसे में अगर आपने दो बार आधार बनवाया है तो तुरंत जांच करवा लें और केवल एक ही कार्ड को मान्य रखें। इसके अलावा चार ऐसे दस्तावेज हैं जिनकी आपको आधार बनवाने में जरूरत पड़ेगी।
पहला है पहचान प्रमाण। इसके लिए आपके पास पासपोर्ट, पैन कार्ड, ईपैन भी मान्य होगा। वोटर आईडी कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, सरकारी विभाग द्वारा जारी फोटो आईडी, नरेगा जॉब कार्ड, पेंशनर कार्ड, सीजीएचएस और ईसीएचएस कार्ड और ट्रांसजेंडर आईडी कार्ड आप दिखा सकते हैं। पता प्रमाण के लिए आपके पास बिजली, पानी, गैस या लैंडलाइन का बिल जो 3 महीने से कम पुराना हो। बैंक पासबुक या स्टेटमेंट, राशन कार्ड, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, रजिस्टर्ड किराया समझौता, पेंशन से संबंधित दस्तावेज, राज्य या केंद्र सरकार द्वारा जारी निवास प्रमाण पत्र होना चाहिए।
जन्म प्रमाण के लिए आप स्कूल की मार्कशीट, पासपोर्ट, जन्मतिथि युक्त पेंशन दस्तावेज और सरकारी जन्म प्रमाण पत्र दिखा सकते हैं। इसके साथ ही आपको रिश्ते का प्रमाण भी दिखाना होगा। कुछ मामलों में परिवार या अभिभावक से संबंध दिखाने के लिए दस्तावेज मांगे जा सकते हैं।
अब सवाल है कि किन लोगों पर यह नियम लागू होंगे? तो आपको बता दें कि यह नियम भारत के नागरिक, भारत से बाहर रहने वाले भारतीय एनआरआई, 5 साल से अधिक उम्र के बच्चे, लंबे समय से वीजा पर भारत में रह रहे विदेशी और ओसीआई कार्ड धारक और अन्य विदेशी नागरिक जिन्हें भारत में निवास की अनुमति मिली है, उन पर लागू होंगे। इनमें से विदेशी नागरिकों और ओसीआई धारकों को अपने पासपोर्ट वीजा नागरिकता प्रमाण पत्र या एफआरआरओ द्वारा जारी निवास अनुमति प्रस्तुत करनी होगी।
