जब ये एक्टिंग करने आई तो उसे समय की adakaray किसिंग सीन के बारे में सोच नहीं पाती तब इन्होंने अपनी बोर्ड एक्टिंग से पानी में भी आग लगा दी भले ही इस अदाकारा ने पर्दे को हिला देने वाले बोल्ड सीन दिए लेकिन इनकी कभी भी गिनती बी ग्रेड और सीन देने वाली हीरोइन में नहीं हुई हमेशा सफेद कपड़ों में दिखने वाली हिंदी सिनेमा में लेडी इन व्हाइट के नाम से मशहूर इस अदाकारा की जिंदगी बेहद रंगीन थी इनकी लाइफ के किस जानकर आप हैरान हो जाएंगे.
जैसे की क्या आपको पता है की 5 साल की उम्र में ही इन्होंने फैसला कर लिया था की आप वो बनेगी तो सिर्फ और सिर्फ हीरोइन ही बनेगी इनका नाम है सिम्मी ग्रेवाल जिन्होंने 5 साल की उम्र में जिस हीरो की पहली फिल्म देखी उसी से मोहब्बत के चर्चे पत्रिकाओं में आम हो गए बचपन में ही सिमिग ग्रेवाल ने जिस शख्स से वादा किया वो सेक्स के वादे को पूरा करने के लिए ही इन्होंने अपनी पुरी जिंदगी बदल डाली स्विमिंग ग्रेवाल का सैफ अली खान के परिवार से आखिर क्या नाता है एक नहीं चार-चार लोगों से मोहब्बत करने के बाद भी ये अपनी जिंदगी में अकेली ही रह गई.
आखिर पड़ोसी देश पाकिस्तान से इनका क्या बहुत गहरा नतारा यह वादा रहा तो नमस्कार दोस्तों स्वागत है आप सभी का आपके अपने फेवरेट यूट्यूब चैनल ब्यूटीफुल बॉलीवुड [संगीत] इस वीडियो के अंत में आपको हम यह भी बताएंगे की रतन टाटा और सिमी ग्रेवाल का आखिर क्या रिश्ता रहा सिमी ग्रेवाल का जन्म 17 अक्टूबर 1947 को पंजाब के जालंधर के सिक जाट परिवार में हुआ हान इनके परिवार का भारतीय सी से बेहद caranatara जहां इनके दादा कैप्टन कर सिंह ग्रेवाल कर रानी विक्टोरिया ने एडीसी की पदवी दी थी वहीं इनके पिता भारतीय सी में ब्रिगेडियर के पद पर द जन्म के कुछ समय बाद ही इन्हें पढ़ के लिए मैन के साथ इंग्लैंड भेज दिया गया.
तभी छुट्टियां में सेमी भारत आई और दिल्ली के अशोक होटल में रुके वहीं पर मसूर डायरेक्टर महबूब खान भी मौजूद द और उनसे कहने लगी मैं एक्ट्रेस बन्ना चाहती हूं तब महबूब खान ने उन्हें समझाया बेटी तुम अभी बहुत छोटी हो इसमें बड़ी मेहनत लगती है जितना आसान तुम्हें लगता है उतना आसान है नहीं तब वो छोटी सी बच्ची सिमी ने बड़े ही गुस्से में महान डायरेक्टर महबूब खान से का दिया देखना आप एक दिन मैं एक बहुत बड़ी एक्ट्रेस बनूंगी आज की रात तुम जाओ ना फिर कुछ दिनों की छुट्टियां मनाने के बाद वो पुणे इंग्लैंड लौट गई इंग्लैंड में वो जैसे तैसे बड़ी हो रही थी.
तो उनके मैन में एक्ट्रेस बनने का पौधा भी साथ ही साथ बड़ा हो रहा था पर जब सिमी के पिता को पता लगा तो पिता इसके बेहद खिलाफ द पैक ही जीत और इरादे की पक्की उन्होंने तय कर लिया था की अब वो बनेगी तो एक्ट्रेस ही बनेगी सिमी ने अपने घर पर भूख हड़ताल कर दी पिता का सख्त रवैया भी अब कमजोर पद गया था .
किसी तरह पिता माने और एक साल का समय दिया अब सिमी फिल्मों में कम पाने के लिए इंग्लैंड के बड़े-बड़े स्टूडियो हो गई कुछ दिनों में उन्हें पता लग गया था की इतने कम समय में ब्रिटिश इंडस्ट्री में कम पाना आसान नहीं और उन्होंने समय को हुए अपनी बहन के साथ मैच 15 साल की उम्र में भारत की ओर प्रस्थान कर दिया और मुंबई पहुंच गई मुंबई में अभी कुछ ही दिन हुए द स्टूडियो के चक्कर लगाते हुए की उन्हें अपने अच्छे अंग्रेजी उच्चारण के कारण अपनी पहली फिल्म 1962 में मिल गई फिल्म का नाम था .
टार्जन गोज तू इंडिया भले यह फिल्म अंग्रेजी में हो लेकिन सिम्मी की खूबसूरती की चर्चा खूब हुई इत्तेफाक तो देखिए जब इस अंग्रेजी फिल्म की शूटिंग स्टूडियो में हो रही थी तभी इनकी मुलाकात महबूब खान साहब से हो गई तब सिमी ग्रेवाल ने बड़ी उत्सुकता से महबूब खान जी को अपनी वह बचपन की मुलाकात के बारे में याद दिलाया महबूब खान बेहद प्रभावित हुए उन्हें दिनों महबूब खान साहब मदर इंडिया की सफलता के बाद उसका दूसरा पार्ट सैन ऑफ इंडिया बना रहे द उन्होंने सिमी को उसमें लीड रोल दिया .
हालांकि ये फिल्म बॉलीवुड में फ्लॉप रही इधर समय के साथ-साथ ने असली मिली जब 1965 में देवानंद साहब की तीन देवियां फिल्म आई ये फिल्म सुपर डुपर हिट हुई ] इस फिल्म के बाद सिम ग्रेवाल का नाम और चेहरा बॉलीवुड में गूंज रहा था इन्हें कई बड़ी-बड़ी फिल्में मिली इसी शोहरत के साथ-साथ उनके जीवन का सबसे बड़ा सपना भी सरकार हुआ जब इन्हें कैरियर का सबसे बड़ा ब्रेक मिला वो फिल्म थी राज कपूर साहब की मेरा नाम जोकर यह फिल्म राज साहब की भीम प्रोजेक्ट फिल्म थी इसमें सिमी ने टीचर मिस मैरी का किरदार निभाया था पर यह रोल इतनी आसानी से नहीं मिला इसके लिए से ही ग्रेवाल जी को बड़े झमेले से गुजरना पड़ा नहीं मुश्किल से नंबर मिला और नंबर मिलने के बाद सेमिन गलत नाम से उनसे बात करनी शुरू की और जब रात कपूर साहब ने चर्च गेट पर उन्हें मिलने के लिए बुलाया तब सिमी ग्रेवाल लाल गुलाब और एक खुद लिखी कविता लेकर पहुंची उसे मुलाकात के बाद रात साहब उनके व्यक्तित्व से काफी प्रभावित हुए राज साहब ने अपनी फिल्म मेरा नाम जोकर के लिए उन्हें साइन कर लिया.
यह किरदार राज कपूर की निजी जिंदगी से प्रेरित था जब रात साहब पढ़ा करते द तो उन्हें एक एंग्लो इंडियन अध्यापिका ने बहुत आकर्षित किया था कहते हैं सिमी ग्रेवाल इतना चर्चित इसलिए भी हुआ की रात कपूर साहब ने उनसे अंग प्रदर्शन भी करवाया सिमी के लिए सीन कोई अटपटी बात नहीं थी क्योंकि उनका बचपन इंग्लैंड में बेहद बिंदास माहौल में गुजारा था साल 1972 में उनकी फिल्म सिद्धार्थ जब सिनेमा घरों में रिलीज हुई मानो बॉलीवुड में भूचाल मच गया नहीं किसी भी ग्रेवाल को सिर्फ अंग प्रदर्शन के कारण बॉलीवुड में कम मिला उन्होंने राज कपूर मृणाल सेन राज खोसला सत्यजीत रे जैसे बड़े निर्देशों के साथ कम किया वैसे उनकी निजी जिंदगी भी फिल्मों की तरह बेहद बोल रही .
अगर पहले बात उनके रोमांस की करें तो कभी उनका नाम राज कपूर तो कभी मनमोहन देसाई के साथ भी जोड़ा गया मेरा नाम जोकर फिल्म की शूटिंग के समय राज कपूर और स्विमिंग ग्रेवाल के रोमांस की चर्चा पत्रिकाओं के लिए मसाला बनी रहती थी और जब नसीब फिल्म में सिमी ग्रेवाल ने एक कैमियो रोल किया तब नसीब फिल्म के डायरेक्टर मनमोहन देसाई से अफेयर्स की खूब चर्चा मछली वैसे सिमी ग्रेवाल बेहद बिंदास स्वभाव की महिला नहीं उन्होंने अपने 100 में अपनी जिंदगी के कई राज खोले उन्होंने कहा मेरे जीवन में दस्तक देने वाले पहले व्यक्ति द उनके लंदन में पड़ोसी और जामनगर के महाराजा वो कहती है यह प्यार 3 साल तक चला फिर कुछ वजहों से वो अलग हो गए इसके बाद सिम्मी के जीवन में आने वाले अगले व्यक्ति द भारतीय क्रिकेटर नवाब पटौदी ये प्यार ऐसा परवान चड्ढा की क्रिकेट की पिच से लेकर बॉलीवुड के पटल तक सभी की जुबान पर इन्हीं के चर्चे द बाद शादी तक पहुंच गई थी पर इधर सिमी का कैरियर भी परवान चढ़ रहा था सिम्मी उसे समय लगातार कई फिल्में कर रही थी तभी दावा पटौदी की जिंदगी में शर्मिला टैगोर दोनों काफी समय 7 बिताने लगे मीडिया में भी चर्चाएं पटौदी और शर्मिला टैगोर की उछाल रही थी घर की डोर बेल बाजी सिमी ने दरवाजा खुला और सामने पटौदी द सिमी के पास ढेर सारे सवाल द सिमी ने उन्हें नींबू पानी ऑफर किया उतने में पटौदी फैट से बोल पड़े मुझे कोई और मिल गया है सब खत्म हुआ और पटौदी बिना कुछ आगे कहे लौट गए उसके बाद सिमी ग्रेवाल के जीवन में आया वह सच जिससे उन्होंने शादी की जो की उनके जीवन साथी बने उनका नाम था रवि मोहन बदकिस्मती देखिए यह रिश्ता भी ज्यादा दिनों तक नहीं टीका लगभग 3 सालों बाद दोनों अलग-अलग हो गए हान यहां से सिमी ग्रेवाल के रोमांस के किस खत्म नहीं होते फिर 1989 के दौर में सिमी का नाम जुड़ा पड़ोसी देश पाकिस्तान के व्यापारी सलमान तासीर के साथ आगे चलकर सलमान तासीर पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के गवर्नर बने लेकिन इस रिश्ते से भी सिम्मी मायूस रही और दोनों अलग-अलग हो गए अब हम बात सिमी ग्रेवाल के उसे रिश्ते की कर लेते हैं जिसके लिए आपने वीडियो को यहां तक देखा शायद ही कुछ लोग जानते हो की इनका नाम रतन टाटा से भी जुड़ा सिमी ने अपने इंटरव्यू में बताया की वह रतन टाटा को डेट करती थी दोनों का बेहद लंबा और गरीबी कनेक्शन रहा उनकी तारीफ करते हुए कहा की वह बेहद परफेक्ट जेंटलमैन उनका सेंस आपकी उम्र कमल का है [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] रिपोर्ट के अनुसार विद्वानों मतलब सीमित अग्रवाल और रतन टाटा एक दूसरे से शादी भी करना चाहते द लेकिन किन्हीं वजहों से ये शादी टूट गई जब सिमीले अपना टीवी शो शुरू किया तब उन्होंने गेस्ट के रूप में रतन टाटा जी को भी बुलाया रतन टाटा आए भी सिमी ग्रेवाल ने यह कभी नहीं बताया की ये रिश्ता क्यों टूटा लेकिन आज तक रतन टाटा जी का सम्मान करती हैं 1980 की शुरुआत में सिमी लेखन और निर्देशन के क्षेत्र में भी उतरी उन्होंने अपनी प्रोडक्शन कंपनी सिंगापुर इंटरनेशनल भी बनाई तिमी ग्रेवाल को बॉलीवुड में लीडिंग व्हाइट कहा जाता है क्योंकि अक्सर वो केवल सफेद कपड़ों में ही नजर आई लेकिन उनका जीवन बेहद रंगीन पर्सनली मुझे सिमी ग्रेवाल की सबसे बेहतरीन फिल्म कर्ज लगती है इसमें ऋषि कपूर जी ने उनके अपोजिट कम किया है.
हान तो अगर आपने फिल्म देखी है तो जरूर बताइएगा की फिल्म में ऋषि कपूर के पिछले जन्म का रोल किस बड़े एक्टर ने किया है मैं कमेंट बॉक्स में आपके उत्तर का इंतजार करूंगा किसी भी ग्रेवाल की आपको बेहतरीन फिल्म कौन सी लगती है सिमी ग्रेवाल का नाम लेते ही कौन सा गाना आपकी आंखों के सामने ए जाता है वैसे सिम ही ग्रेवाल उन अभिनेत्री में से एक हैं जिन पर समय के साथ-साथ बढ़ती उम्र का असर देखने को कमी मिला आज भी वो इम्तिहान खूबसूरत नजर आती है.
मी ग्रेवाल को बचपन से वो सब मिला जो शायद कोई एक्टर पाना चाहे पर उनके जीवन में सिर्फ एक चीज की कमी हमेशा रही जो था सच्चा प्यार हमारी अपने चैनल के माध्यम से और अपने दर्शकों के माध्यम से यही कामना है की सिमी ग्रेवाल जहां भी रहे इतनी ही खूबसूरत इतनी ही जिंदादिली से अपनी जिंदगी जीती रहे
